logo

मूड

ट्रेंडिंग:

वैभव सूर्यवंशी से भी आगे निकल गए अभिज्ञान कुंडू, दोहरा शतक ठोक मचाई सनसनी

अंडर-19 एशिया कप में भारतीय विकेटकीपर बल्लेबाज अभिज्ञान कुंडू ने डबल सेंचुरी ठोक दी है। उनकी तूफानी पारी से टीम इंडिया ने 400 से ज्यादा रन का स्कोर खड़ा किया है।

Abhigyan Kundu

अभिज्ञान कुंडू, Photo Credit: BCCI/X

शेयर करें

google_follow_us
Advertisement

भारतीय टीम अंडर-19 एशिया कप में आज (16 दिसंबर) मलेशिया से भिड़ रही है। दुबई में खेले जा रहे इस मुकाबले में टीम इंडिया के विकेटकीपर बल्लेबाज अभिज्ञान कुंडू ने दोहरा शतक लगा दिया है। पांचवें नंबर पर उतरे कुंडू ने 125 गेंद में 17 चौके और 9 छक्के जड़ते हुए नाबाद 209 रन की पारी खेली, जिसकी मदद से भारत ने 7 विकेट के नुकसान पर 408 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया।

वैभव सूर्यवंशी से आगे निकले कुंडू

IPL स्टार वैभव सूर्यवंशी ने इसी टूर्नामेंट में 4 दिन पहले 171 रन की पारी खेली थी। कुंडू उनसे आगे निकल गए हैं। 17 साल के कुंडू का रिकॉर्ड भले ही यूथ ODI रिकॉर्ड में दर्ज न हों लेकिन उन्होंने कम से कम इस अंडर-19 एशिया कप का बेस्ट स्कोर बना दिया है। कुंडू का रिकॉर्ड यूथ ODI रिकॉर्ड में इसलिए नहीं जुड़ेगा, क्योंकि मलेशिया ICC के फुल मेंबर देश में शामिल नहीं है और इस मैच अंडर-19 इंटरनेशनल मैच का दर्ज प्राप्त नहीं है।

 

यह भी पढ़ें: कैमरन ग्रीन बने सबसे महंगे विदेशी, CSK और KKR भिड़ी

 

अगर मलेशिया फुल मेंबर देश होता तो कुंडू यूथ ODI में सबसे बड़ी पारी खेलने वाले भारतीय बल्लेबाज बन जाते। अभी यह रिकॉर्ड अंबाती रायुडू के नाम है, जिन्होंने 2002 में इंग्लैंड अंडर-19 के खिलाफ नाबाद 177 रन जड़े थे।

 

यह भी पढ़ें: 350 नहीं 369 खिलाड़ियों के लिए लगेगी बोली, कौन हैं 19 नए खिलाड़ी?

वेदांत और वैभव ने भी जड़े अर्धशतक

पहले बल्लेबाजी का न्योता मिलने पर कप्तान आयुष म्हात्रे और वैभव सूर्यवंशी की जोड़ी ने 1.3 ओवर में 21 रन की साझेदारी की। म्हात्रे 7 गेंद में 14 रन बनाकर आउट हुए। उनके जाने के बाद विहान मल्होत्रा भी कुछ खास नहीं कर पाए। वह 7 रन बनाकर चलते बने। वैभव सूर्यवंशी 26 गेंद में 5 चौके और 3 छक्कों की मदद से 50 रन बनाकर आउट हुए।

 

87 के स्कोर पर 3 विकेट गिरने के बाद वेदांत त्रिवेदी और कुंडू ने मोर्चा संभाला और 209 रन की साझेदारी की। वेदांत (90) शतक से चूक गए। हालांकि कुंडू अंत तक डटे रहे और अपनी डबल सेंचुरी पूरी करने के साथ ही भारत को 400 के पार पहुंचाया।


और पढ़ें