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स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर झूठ फैला रहा अमेरिका? सीक्रेट प्लान सामने आ गया

अमेरिका ने साफ किया कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में यूएस नेवी ने किसी भी जहाज को एस्कॉर्ट नहीं किया है। ईरान के विदेश मंत्री ने दावा किया कि ग्लोबल फाइनेंशियल मार्केट में हेरफेर करने की कोशिश की जा रही है।

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अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप। Photo Credit: PTI

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अमेरिका और ईरान के बीच जारी जंग के बीच दुनियाभर में तेल और गैली की सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ गई है। इस चिंता के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ऊर्जा मंत्री क्रिस राइट ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में दावा किया कि होर्मुज की खाड़ी से एक ऑयल टैंकर को अमेरिका नेक एस्कॉर्ट कर पार करवा दिया है। इस पोस्ट को कुछ ही समय बाद उन्होंने डिलीट कर दिया। इसके बाद व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलाइ लैविट ने कहा कि अमेरिकी नौसेना ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से इस समय किसी भी तेल टैंकर या जहाज को एस्कोर्ट नहीं किया। 

 

क्रिस राइट ने अपनी पोस्ट में लिखा था कि राष्ट्रपति ट्रंप ईरान के खिलाफ मिलिट्री ऑपरेशन के दौरान ग्लोबल एनर्जी की स्टेबिलिटी बनाए रख रहे हैं। उन्होंने आगे लिखा था, 'अमेरिका की नेवी ने ग्लोबल मार्केट में तेल का फ्लो बनाए रखने के लिए होर्मुज स्ट्रेट से एक ऑयल टैंकर को सफलतापूर्वक एस्कॉर्ट किया।'

 

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व्हाइट हाउस ने किया इनकार 

व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलाइ लैविट ने मंत्री क्रिस राइट के बयान के विपरीत बयान दिया। उन्होंने व्हाइट हाउस में मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि अमेरिका की नेवी ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से इस समय किसी भी तेल टैंकर या जहाज को एस्कॉर्ट नहीं किया है। हालांकि, राष्ट्रपति ट्रंप ने साफ कहा है कि जरूरत पड़ने पर और उचित समय पर यह एक ऐसा विकल्प है, जिसका वह निश्चित रूप से इस्तेमाल कर सकते हैं। 

क्या मार्केट के साथ खेल रहा अमेरिका?

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने आज अमेरिका पर स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज को लेकर फर्जी खबरें फैलाने का आरोप लगाया है। उन्होंने दावा किया कि अमेरिका फर्जी खबरों के जरिए ग्लोबल फाइनेंशियल मार्केट में हेरफेर करने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने दावा किया कि अमेरिका के ऊर्जा मंत्री ने स्टेट ऑफ होर्मुज को लेकर झूठा दावा किया और इससे मार्केट बहुत ऊपर गया और तेल के दाम भी गिर गए। 

अमेरिकी मंत्री ने बाद में वह पोस्ट डिलीट किया तो ईरान ने आरोप लगाया कि ट्रंप सरकार के अधिकारी अपने फायदे के लिए मार्केट को मैनिपुलेट कर रहे हैं। ईरानी विदेश मंत्री अब्बास ने लिखा, 'अमेरिकी अधिकारी बाजारों में हेरफेर करने के लिए फर्जी खबरें फैला रहे हैं। इससे वे उस महंगाई की सुनामी से खुद को नहीं बचा पाएंगे, जो उन्होंने अमेरिकी लोगों पर थोपी है।'

अहम है स्ट्रेट ऑफ होर्मुज

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज इंटरनेशनल मार्केट में तेल की सप्लाई में काफी अहम भूमिका निभाता है। इंटरनेशनल तेल सप्लाई का एक बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से गुजरता है। यह दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री रास्तों में से एक है। अगर ईरान और अमेरिका के बीच तनाव बढ़ता है तो ईरान इस रास्ते को बंद करने की कोशिश कर सकता है, जिससे जहाजों की आवाजाही रुक सकती है। अगर ऐसा हुआ तो पूरी दुनिया में तेल संकट आ सकता है। ईरान की ओर से इस समुद्री मार्ग में  जहाजों पर हमले की आशंका भी जताई गई है, जिसके कारण कई शिपिंग कंपनियां फिलहाल इस रास्ते से गुजरने से बच रही हैं।

 

यह भी पढ़ें: 12 दिन, 1700 से ज्यादा ड्रोन हमले, UAE को तबाह करने से ईरान को क्या मिलेगा?

अमेरिका ने दी धमकी

व्हाइट हाउस ने साफ किया कि अगर जरूरत पड़ी तो अमेरिका स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में जहाजों को एस्कोर्ट करने के लिए तैयार है। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने भी ईरान को धमकाते हुए कहा था कि अगर ईरान होर्मुज स्ट्रेट से तेल की सप्लाई रोकता है तो अमेरिका ने हमलों में अब तक जितना नुकसान किया है, उससे 20 गुना ज्यादा नुकसान होगा। ट्रंप ने एक बयान में यह भी कहा था कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खुला है और वह इस पर कब्जा करने के बारे में सोच रहे हैं। 


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