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कुर्दिस्तान के राष्ट्रपति आवास पर ड्रोन से हमला, क्या ईरान ने बनाया निशाना?

कुर्दिस्तान के राष्ट्रपति आवास पर ड्रोन से हमला किया गया है। हालांकि अभी तक यह साफ नहीं हो पाया है कि हमले को किसने अंजाम दिया है। मगर शक की सुई ईरान के आईआरजीसी की तरफ जा रही हैं।

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राष्ट्रपति आवास पर ड्रोन से हमला। (Photo Credit: Social Media)

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इराक के कुर्दिस्तान क्षेत्र के राष्ट्रपति नेचिरवन बरजानी के आवास पर ड्रोन से हमला किया गया। इसके अलावा दुहोक में भी पेशमर्गा लड़ाकों के ठिकाने के पास भी एक ड्रोन को मारा गया है। राष्ट्रपति आवास पर ड्रोन हमले के बाद उत्तरी इराक में तनाव और बढ़ गया है। इराक के प्रधानमंत्री मोहम्मद शिया अल-सुदानी और राष्ट्रपति अब्दुल लतीफ राशिद ने कुर्दिस्तान के राष्ट्रपति के आवास पर हुए हमले की निंदा की।

 

इराकी प्रधानमंत्री ने उनसे फोन पर बातचीत भी की। इराक ने कुर्दिस्तान और संघीय अधिकारियों की एक समिति बनाई है। यह समिति ड्रोन हमले की जांच करेगी।  इराकी प्रधानमंत्री ने हमले को राष्ट्रीय सुरक्षा की खातिर गंभीर खतरा बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे हमलों के खिलाफ एरबिल और बगदाद के बीच मजबूत समन्वय की जरूरत है।

 

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कुर्दिस्तान के प्रधानमंत्री मसूर बरजानी ने भी राष्ट्रपति आवास पर हुए हमले को कायरतापूर्ण बताया। उन्होंने अपने एक्स अकाउंट पर लिखा, 'मैं दुहोक में कुर्दिस्तान क्षेत्र के राष्ट्रपति नेचिरवान बरजानी के आवास पर हुए कायरतापूर्ण ड्रोन हमले की कड़ी निंदा करता हूं। हम एक बार फिर संघीय सरकार से अपनी जिम्मेदारियों को निभाते हुए इन अपराधियों को न्याय के कटघरे में लाने और इन समूहों द्वारा किए जा रहे लगातार आतंकवादी हमलों पर अंकुश लगाने का आह्वान करते हैं।'

 

 

 

कुर्द लड़ाकों पर हमले क्यों?

28 फरवरी को ईरान युद्ध शुरू होने के बाद से ही इराक के अलग-अलग क्षेत्रों में मिसाइल और ड्रोन से हमले की खबर है। इराक में स्थित पॉपुलर मोबिलाइजेशन फोर्स यानी पीएमएफ ईरान का समर्थक है, क्योंकि यह शिया मुस्लिमों का संगठन है। वहीं कुर्दिस्तान में स्थित कुर्द कई युद्धों में अमेरिका का साथ दे चुके हैं। इजरायल के साथ भी इनके गहरे संबंध हैं। कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि अमेरिका ने ईरान के खिलाफ कुर्द बलों को उतारने का फैसला किया है। इसके बाद से ही ईरान कुर्द बलों के पेशमर्गा लड़ाकों पर बमबारी कर रहा है। दूसरी तरफ अमेरिका और इजरायल पीएमएफ को निशाना बनाते हैं।

 

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 कुर्दिस्तान के बारे में जानें

कुर्दिस्तान क्षेत्र इराक का हिस्सा है। 2005 में देश को नया संविधान मिला। इसमें स्वायत्त कुर्दिस्तान क्षेत्र को मान्यता दी गई। इस इलाके का संचालन कुर्दिस्तान क्षेत्रीय सरकार करती है। यहां कुर्दों का अपना अलग राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री है। कई दशकों से कुर्द अलग देश की मांग उठाते चले आए हैं। हालांकि अभी तक इनकी संप्रभु देश की मांग पूरी नहीं हो सकी है। 


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