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ट्रंप ने फिर किया दावा, 200% टैरिफ की धमकी देकर रुकवाया भारत-पाक युद्ध

डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर से बोर्ड ऑफ पीस में अपनी पिछली बात को दोहराया है। उन्होंने कहा कि उन्होंने युद्ध रुकवा कर ढाई करोड़ लोगों की जान बचाई है।

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डोनाल्ड ट्रंप । Photo Credit: PTI

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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फिर से दावा किया है कि उन्होंने भारत और पाकिस्तान के बीच 2025 के सैन्य विवाद में मध्यस्थता की थी। उन्होंने कहा कि अगर दोनों देश लड़ाई नहीं रोकते तो वह उन पर 200 प्रतिशत टैरिफ (आयात शुल्क) लगा देते। ट्रंप ने अपने 'बोर्ड ऑफ पीस' इवेंट में यह बात कही, जहां पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ भी मौजूद थे।

 

ट्रंप ने कहा कि उस समय बहुत बड़ा युद्ध चल रहा था। उन्होंने दावा किया कि लड़ाई में '11 जेट विमान गिराए गए' थे। ये विमान बहुत महंगे थे। ट्रंप ने पहले भी कई बार ऐसे दावे किए थे। हालांकि, हर बार गिराए गए जेट की संख्या वह अलग-अलग बताते रहे हैं। पहले उन्होंने 5 जेट गिरने की बात कही थी, फिर 7, 8, 10 और अब 11 जेट गिरने की बात कही है। उन्होंने कहा कि उन्होंने दोनों नेताओं से फोन पर बात की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को वे अच्छी तरह जानते हैं।

 

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200% टैरिफ की धमकी का दावा

ट्रंप ने कहा, 'मैंने उनसे कहा कि अगर तुम लड़ाई जारी रखोगे तो मैं तुम दोनों के साथ कोई ट्रे़ड डील नहीं करूंगा। 200 प्रतिशत टैरिफ लगा दूंगा।' उनके अनुसार, पैसे की बात आई तो दोनों देश रुक गए। ट्रंप ने कहा कि इससे उन्होंने 25 मिलियन (2.5 करोड़) लोगों की जान बचाई। पहले उन्होंने 10 मिलियन की बात कही थी।

 

उन्होंने दावा किया कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने खुद कहा था कि ट्रंप ने 25 मिलियन जानें बचाईं। शरीफ ने भी ट्रंप की तारीफ की और उन्हें शांति के लिए धन्यवाद दिया। ट्रंप ने दावा किया कि उन्होंने अपने दूसरे कार्यकाल के पहले साल में 8 युद्ध रोके हैं। भारत-पाकिस्तान विवाद का क्रेडिट उन्होंने 80 से ज्यादा बार लिया है। मई 2025 में उन्होंने सोशल मीडिया पर घोषणा की थी कि दोनों देशों ने अमेरिका की मध्यस्थता से 'तत्काल और पूरी तरह से' सीजफायर पर सहमति जताई है।

भारत ने किया है खारिज

लेकिन भारत ने इन दावों को हमेशा खारिज किया है। भारत का कहना है कि कोई तीसरा पक्ष इसमें शामिल नहीं था। मई 2025 में भारत और पाकिस्तान के बीच समझौता सीधे दोनों देशों के डायरेक्टर जनरल ऑफ मिलिट्री ऑपरेशंस (डीजीएमओ) की बातचीत से हुआ। भारत ने किसी भी बाहरी हस्तक्षेप से इनकार किया है।

 

विमान गिरने की बात पर भी भारत की प्रतिक्रिया अलग है। चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ ने स्पष्ट संख्या नहीं बताई है। भारतीय वायुसेना ने कहा कि ऑपरेशन में कोई पायलट शहीद नहीं हुआ, लेकिन नुकसान होने से इनकार नहीं किया।

 

यह विवाद अप्रैल 2025 में पहलगाम हमले से शुरू हुआ था। पहलगाम में एक आतंकी हमले में 26 नागरिक मारे गए थे, जिनमें ज्यादातर पर्यटक थे। भारत ने पाकिस्तान पर आतंकवाद को समर्थन देने का आरोप लगाया। हालांकि, पाकिस्तान ने इस बात से हमेशा इनकार किया।

किया था ऑपरेशन सिंदूर

इसके जवाब में 7 मई 2025 को भारत ने 'ऑपरेशन सिंदूर' शुरू किया। इसमें पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में आतंकी ठिकानों पर मिसाइल हमले किए गए। भारत ने कहा कि ये हमले केवल आतंकी ढांचे पर थे, किसी सैन्य या नागरिक स्थानों पर नहीं। यह चार दिनों तक चला। दोनों तरफ से जवाबी कार्रवाई हुई। अंत में 10 मई को सीजफायर हुआ।

 

यह भी पढ़ें: 'वह बहुत क्रीप इंसान था, मेरा उससे कोई संबंध नहीं', अब डोनाल्ड ट्रंप ने दी सफाई

 

ट्रंप के दावों से भारत-पाकिस्तान के रिश्तों पर असर पड़ सकता है। भारत हमेशा कहता है कि कश्मीर और आतंकवाद का मुद्दा दोनों देश खुद सुलझाएंगे। कोई तीसरा देश इसमें दखल नहीं देगा। ट्रंप के बार-बार बदलते आंकड़े (जैसे जेट की संख्या) से उनके दावों पर सवाल उठ रहे हैं।


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